सफल होने के लिए इस रस्ते पे चलो
हेलो दोस्तों ,
कैसे है आप सभी उम्मीद करता बहुत दिनों से मेने कोई कहानी आप सब के लिए लिखी नहीं उसके लिए माफ़ी चाहता हु आप सब से।
दोस्तों आज में आप के लिए एक ऐसी कहनी लेके आया हु की आप की जिंदगी बदल जाएगी बाद आप को इसको पड़ना है और कुछ नहीं
दोस्तों यह कहानी एक राजा की है जिसको कभी बच्चे नहीं हुए वो पूरी जिंदगी इसके लिए तरसता रहा लेकिन उसको इसका सुख प्राप्त नहीं हुआ लेकिन अब उसको ा[अपने राज्ये के लिए उत्तराधिकारी की चिंता सताने लगी। कक्योंकि उसे कोई संतान नहीं थी यही उसके चिंता का कारण था उसने उत्तराधिकारी ढूंढ़ना सुरु कर दिया। पुरे राज्ये में डिंडोरा करवा दिया। की जो भी रात को मुझसे मिलने आएगा उसे में आधा राज्ये दूंगा। इस पर राज्ये के पधानमंत्री में रोष प्रकट करते हुए कहा ऐसे तो बहुत सरे लोग आपसे मिलने आएंगे। और हमारा राज्ये इतना बड़ा नहीं की की सब को दे ऐसे तो राज्ये के टुकड़े टुकड़े हो जायँगे हमारा क्या होगा। इस पर राजा ने कहा आप चिंता न करे देखते रहिये क्या होता है
जिस रात राजा ने बुलाया था। बगीचे में लोगो के लिए एक विशाल आयोजन कर दिया। वह पे सब खाना ,शराब ,राजा से मिलने आने वाले न जाने कितने लोग खाने नाचने और शराब पिने में अटक गए। और समय बीतता चला गया लेकिन इन सब में एक आदमीं ऐसा भी था जिसने इन सब की तरफ देखा बी नहीं। क्योंकि उसके मन में निश्चित धेय था की उसको राजा से मिलना ही है और वह बगीचा पार करके राजा से मिलने राजमहल में पहुंच गया चौकीदारों ने उसको रोका वह उनको धक्का मरकर अंदर चला गया। जिसे ही वह अंदर पहुंच राजा उसको सामने ही मिल गया उन्होंनेत कहा , मेरे राज्ये में कोई व्यक्ति ो तो ऐसा मिला। जो किसी प्रलोभन में फसे बिना अपने धये तक पहुंचा। में तुम्हे आधा नहीं पूरा राजपाट दूंगा
जिस रात राजा ने बुलाया था। बगीचे में लोगो के लिए एक विशाल आयोजन कर दिया। वह पे सब खाना ,शराब ,राजा से मिलने आने वाले न जाने कितने लोग खाने नाचने और शराब पिने में अटक गए। और समय बीतता चला गया लेकिन इन सब में एक आदमीं ऐसा भी था जिसने इन सब की तरफ देखा बी नहीं। क्योंकि उसके मन में निश्चित धेय था की उसको राजा से मिलना ही है और वह बगीचा पार करके राजा से मिलने राजमहल में पहुंच गया चौकीदारों ने उसको रोका वह उनको धक्का मरकर अंदर चला गया। जिसे ही वह अंदर पहुंच राजा उसको सामने ही मिल गया उन्होंनेत कहा , मेरे राज्ये में कोई व्यक्ति ो तो ऐसा मिला। जो किसी प्रलोभन में फसे बिना अपने धये तक पहुंचा। में तुम्हे आधा नहीं पूरा राजपाट दूंगा
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